Q46. वैदिक काल में प्राकृतिक संतुलन और ब्रह्मांडीय नियमों के रक्षक के रूप में किस देवता को 'ऋतस्य गोपा' कहा गया है?
अग्नि
वरुण (Varuna)
इंद्र
मित्र
Q47. वैदिक काल में ऋग्वैदिक आर्यों का मुख्य पेय पदार्थ क्या था, जो हिमालय की मूजवंत चोटी से प्राप्त एक वनस्पति से बनाया जाता था?
क्षीरपाक
सोमरस (Soma)
मधु
सुरा
Q48. ऋग्वैदिक काल में मुख्य रूप से उगाई जाने वाली अनाज की फसल कौन सी थी, जिसे वेद में 'यव' कहा गया है?
ज्वार
गेहूँ
चावल
जौ (Barley)
Q49. वैदिक काल में परिवार के मुखिया या पिता को क्या कहा जाता था?
गृहपति
ग्रामणी
कुलप (Kulapa)
गोपा
Q50. ऋग्वैदिक काल में देवताओं के पुरोहित और बुद्धि के प्रतीक के रूप में किस देव की स्तुति की जाती थी?
द्यौस
अश्विन
पुषण
बृहस्पति (Brihaspati)
Q51. उत्तर वैदिक काल में आर्यों के भौगोलिक विस्तार का मुख्य केंद्र कौन सा था?
सप्त-सिंधव प्रदेश
अफगानिस्तान
गंगा-यमुना दोआब
दक्षिण भारत
Q52. लगभग 1000 ईसा पूर्व में उत्तर वैदिक काल के लोगों द्वारा खोजी गई वह महत्वपूर्ण धातु कौन सी थी, जिसके साक्ष्य अतरंजीखेड़ा (UP) से मिले हैं?
चाँदी
ताँबा
लोहा (Iron)
काँसा
Q53. उत्तर वैदिक काल में लोहे को प्राचीन ग्रन्थों में किस नाम से पुकारा गया है?
कृष्ण अयस या श्याम अयस
ताम्र
कांस्य
लोहित अयस
Q54. ऋग्वैदिक काल के कबीले 'पुरु' और 'भरत' मिलकर उत्तर वैदिक काल में किस नए शक्तिशाली जनपद के रूप में उभरे?
गांधार
कुरु (Kuru)
मगध
पांचाल
Q55. उत्तर वैदिक काल में राजा के राज्याभिषेक (Coronation) के समय कौन सा भव्य यज्ञ आयोजित किया जाता था?
राजसूय यज्ञ (Rajasuya Yajna)
अश्वमेध यज्ञ
वाजपेय यज्ञ
अग्निष्टोम यज्ञ
Q56. राजा द्वारा अपनी शक्ति के प्रदर्शन और रथ दौड़ (Chariot Race) के लिए कौन सा वैदिक यज्ञ किया जाता था?
अश्वमेध यज्ञ
राजसूय यज्ञ
वाजपेय यज्ञ (Vajapeya Yajna)
पुरुषमेध यज्ञ
Q57. उत्तर वैदिक काल में राजा की सहायता करने वाले 12 उच्च अधिकारियों के समूह को क्या कहा जाता था?
मंत्री
रत्निन (Ratnins)
अमात्य
सचिव
Q58. वैदिक काल में कर या राजस्व वसूल करने वाले मुख्य अधिकारी को रत्निनों के अंतर्गत क्या कहा जाता था?
भागदुघ (Bhagadugha)
संग्रहीतृ
गोविकर्तन
सूत
Q59. उत्तर वैदिक काल में वर्ण व्यवस्था (Varna System) का मुख्य आधार कर्म से बदलकर क्या हो गया था?
जन्म आधारित (Birth based)
आर्थिक स्थिति आधारित
योग्यता आधारित
क्षेत्र आधारित
Q60. मानव जीवन को अनुशासित करने के लिए चार आश्रमों (ब्रह्मचर्य, गृहस्थ, वानप्रस्थ, संन्यास) का सर्वप्रथम उल्लेख किस उपनिषद में मिलता है?
मुंडकोपनिषद
छान्दोग्य उपनिषद
जाबालोपनिषद (Jabala Upanishad)
कठोपनिषद